संवाददाता : अवनीश शर्मा|गैरतगंज

गैरतगंज। नगरीय क्षेत्र में विकास के नाम पर खोदी गई सड़कें अब आम जनता के लिए अभिशाप साबित हो रही हैं।
सहजपुर टोल टैक्स से गैरतपुर तक निर्माणाधीन लगभग पांच किलोमीटर लंबे सड़क चौड़ीकरण का कार्य बीते दो वर्षों से कछुआ गति से चल रहा है।
एमपीआरडीसी (MPRDC) के ठेकेदार की कार्यप्रणाली और स्थानीय प्रशासन की चुप्पी ने नागरिकों की मुश्किलों को दोगुना कर दिया है।
अधूरा काम, बढ़ते हादसे
सड़क निर्माण की स्थिति यह है कि ठेकेदार द्वारा कई स्थानों पर नालियां खोदकर मिट्टी मुख्य हाईवे पर ही ढेर कर दी गई है।
इसके साथ ही सड़क के बीचों-बीच छोड़े गए गहरे गड्ढे आए दिन सड़क दुर्घटनाओं को न्योता दे रहे हैं। दो पहिया वाहन चालक और राहगीर इन गड्ढों और फैली हुई मिट्टी के कारण अनियंत्रित होकर गिर रहे हैं, जिससे लोग चोटिल हो रहे हैं।
प्रशासनिक अनदेखी पर उठे सवाल
हैरानी की बात यह है कि मुख्य मार्ग होने के बावजूद जिम्मेदार अधिकारियों का इस ओर कोई ध्यान नहीं है। निर्माण एजेंसी की मनमानी पर लगाम कसने वाला कोई नहीं दिख रहा।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि धूल और कीचड़ के साथ-साथ अब जान का जोखिम भी बना रहता है, लेकिन प्रशासन किसी बड़ी अनहोनी का इंतजार कर रहा
