संवाददाता : रितिक जैन। बाड़ी

NH-45 पर मौत का खेल! नागिन मोड़ ब्रिज बना स्टंटबाजों का अड्डा
हाईवे पर खुलेआम उड़ाई जा रही सुरक्षा नियमों की धज्जियां
बाड़ी। नेशनल हाईवे-45 के नागिन मोड़ स्थित ब्रिज से सामने आई तस्वीरों ने सड़क सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता खड़ी कर दी है। जिस राष्ट्रीय राजमार्ग को यात्रियों की सुरक्षित आवाजाही के लिए बनाया गया है, वहीं अब कुछ युवाओं द्वारा उसे स्टंटबाजी और रफ्तार के प्रदर्शन का मंच बनाया जा रहा है।
तेज रफ्तार बाइकों के साथ किए जा रहे खतरनाक करतब न केवल स्वयं स्टंट करने वालों की जान को जोखिम में डाल रहे हैं, बल्कि हाईवे से गुजर रहे सैकड़ों वाहन चालकों और यात्रियों की सुरक्षा पर भी बड़ा सवाल खड़ा कर रहे हैं।

प्रत्यक्ष रूप से सामने आए दृश्यों में कुछ युवक राष्ट्रीय राजमार्ग पर बाइक खड़ी कर समूह बनाते दिखाई देते हैं और उसके बाद तेज गति से बाइक चलाते हुए खतरनाक स्टंट करते नजर आते हैं।
यह पूरा घटनाक्रम ऐसे स्थान पर हो रहा है जहां हर समय भारी वाहनों, बसों, कारों और दोपहिया वाहनों की आवाजाही बनी रहती है। ऐसे में जरा सी चूक किसी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती है।
हाईवे या स्टंट एरिना..?
नागिन मोड़ ब्रिज पर जिस प्रकार से बाइक स्टंट किए जा रहे हैं, उसे देखकर ऐसा प्रतीत होता है मानो राष्ट्रीय राजमार्ग को स्टंट एरिना में बदल दिया गया हो।
सड़क पर सुरक्षा नियमों का पालन करने के बजाय कुछ युवक रोमांच और दिखावे के लिए अपनी तथा दूसरों की जान जोखिम में डालते दिखाई दे रहे हैं।
सबसे चिंताजनक बात यह है कि ऐसे करतबों के दौरान आसपास से गुजर रहे वाहन चालकों को भी खतरे का सामना करना पड़ सकता है।
एक गलती और सब खत्म…
सड़क सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि तेज रफ्तार और लापरवाही सड़क दुर्घटनाओं के सबसे बड़े कारण हैं। राष्ट्रीय राजमार्ग पर की जाने वाली स्टंटबाजी दुर्घटना की संभावना को कई गुना बढ़ा देती है।
यदि स्टंट के दौरान बाइक का संतुलन बिगड़ जाए, वाहन फिसल जाए या सामने से आ रहे वाहन से टकराव हो जाए, तो परिणाम बेहद गंभीर हो सकते हैं। एक छोटी सी गलती कई परिवारों की खुशियां छीन सकती है।
सोशल मीडिया की होड़ या जान से खिलवाड़..?
वर्तमान समय में सोशल मीडिया पर वायरल होने और लोकप्रियता हासिल करने की होड़ युवाओं को लगातार जोखिम भरे कदम उठाने के लिए प्रेरित कर रही है।
कुछ सेकंड की वीडियो और कुछ लाइक्स के लिए जान को दांव पर लगाया जा रहा है। लेकिन यह भूलना नहीं चाहिए कि दुर्घटना होने पर न तो वीडियो काम आती है और न ही सोशल मीडिया की लोकप्रियता।
हर गुजरने वाला वाहन खतरे में…
राष्ट्रीय राजमार्ग पर चलने वाला प्रत्येक व्यक्ति सुरक्षित सफर की उम्मीद लेकर निकलता है। लेकिन जब हाईवे पर ही इस प्रकार की खतरनाक गतिविधियां होने लगें तो खतरा केवल स्टंट करने वालों तक सीमित नहीं रहता।
एक अनियंत्रित बाइक, अचानक हुई टक्कर या घबराहट में लिया गया गलत निर्णय कई वाहनों को दुर्घटना की चपेट में ला सकता है।
जिम्मेदारी और जागरूकता दोनों जरूरी…
सड़कें रोमांच दिखाने के लिए नहीं, बल्कि सुरक्षित आवागमन के लिए बनाई जाती हैं। राष्ट्रीय राजमार्ग पर नियमों की अनदेखी केवल व्यक्तिगत जोखिम नहीं बल्कि सार्वजनिक सुरक्षा से जुड़ा विषय है।
ऐसे मामलों में जागरूकता, अनुशासन और जिम्मेदार व्यवहार की आवश्यकता पहले से कहीं अधिक है।
थाना प्रभारी ने लिया संज्ञान…
मामले को लेकर बाड़ी थाना प्रभारी जेपी त्रिपाठी से चर्चा की गई। इस संबंध में उन्होंने कहा कि “आपके द्वारा मामला संज्ञान में आया है। मैं इस पूरे मामले की जांच करवाकर आवश्यक कार्रवाई करवाता हूं।”
थाना प्रभारी के इस बयान के बाद अब लोगों की नजर पुलिस की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि राष्ट्रीय राजमार्ग जैसे व्यस्त मार्ग पर होने वाली इस प्रकार की गतिविधियों पर सख्ती से रोक लगना आवश्यक है, ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे की आशंका को टाला जा सके।
सवाल जो जवाब मांगते हैं…
- क्या राष्ट्रीय राजमार्ग अब स्टंटबाजी का नया ठिकाना बनते जा रहे हैं ?
- क्या कुछ सेकंड का रोमांच किसी की जिंदगी से ज्यादा कीमती है ?
- क्या सड़क सुरक्षा नियम केवल आम लोगों के लिए हैं ?
- क्या किसी बड़े हादसे के बाद ही लोग और व्यवस्था गंभीर होगी ?
- क्या हाईवे पर स्टंट करने वालों के खिलाफ अब सख्त कार्रवाई होगी ?
नागिन मोड़ ब्रिज से सामने आई ये तस्वीरें केवल एक वीडियो नहीं, बल्कि एक चेतावनी हैं। चेतावनी इस बात की कि यदि सड़क सुरक्षा को गंभीरता से नहीं लिया गया तो एक छोटी सी लापरवाही कभी भी बड़े हादसे में बदल सकती है।
“रफ्तार का जुनून कुछ पल का होता है, लेकिन हादसे का दर्द पूरी जिंदगी का। हाईवे पर स्टंट नहीं, जिम्मेदारी जरूरी है।”
